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ताऊ के बाद आदि की भी पहेली..

मम्मी जब फुरसत में होती है तो मुझे भी बहुत शरारतें करने देती है, पहले सुज़ी खाने को दी और कल.. कल पोहा.. मम्मी ने एक प्लेट में पोहा दे कर मुझे बैठा दिया खुद से खाने के लिये.. मम्मी कहती है ऐसे मैं खाना सिखुगां और खेल खेल में मेरी खाने में रुची बनेगी.. पर मम्मी को पता नहीं.. (नहीं, पता तो है, पर जानबुझ कर मुझे ऐसा करने देती है).. की मेरी दिलचस्पी पोहा खाने में कम, उससे खेलने में ज्यादा थी.. मैं वास्तव में कर क्या रहा था..ये ही है आज की पहेली और ये भी ताऊ की पहेली जैसी ही दिलचस्प है.. लेकिन मैं आपको विकल्प भी दे रहा हूँ.. ये चित्र देखिये और बताइये कि मैं क्या  कर रहा था.. और आपके विकल्प है १) मैं पोहा खा रहा था २) मैं पोहे से खेल रहा था..३) मैं खेलते खेलते पोहा खा रहा था ४) मैं पोहा खाते खाते खेल रहा था..











और हिंट के लिये  आप ये slide show देख सकतें है.. तो देर किस बात कि जल्दी से अपना उत्तर लॉक कर दें..
12 comments:

Comments

adi beta khana kha raha hai.. :)
pahla javaab aur bilkul sahi..


ady pohe se khel raha hai
aise hi to khane me uski ruchi banegi


adi baba poha se khel raha hai:)


अबे पलटू तो ममी को बहका रहा है, ओर खाना खा नही उस से खेल रहा है, बेटा हम भी जानते है तुम क्या कर रहे हो, लेकिन मां बाप को अच्छा लगता है,


अरे वाह पल्टू पहेली भी शुरू करदी | आज नेट की गति ख़राब होने की वजह से तीन कोशिश करने के बाद टिप्पणी देने में सफल हो रहा हूँ ! और हाँ ये रहा तेरी पहेली का जबाब -- विकल्प तीसरा और चौथा दोनों |


"खिलाते तो मम्मी-पापा हैं; मैं तो खेलता हूं!"


पल्टू तू पक्के मे खेल रहा है. शर्त लगाले भले ही.

रामराम.

पल्टू अब तू मेरे दो काम करना. ध्यान से सुनले.

१. मम्मी को कहना कि पापा आजकल मधुबाला आंटी को पसंद करने लगे हैं.:)

२. पापा को ताऊ पहेली मे इंटरव्यु के लिये याद किया था. आपके पापा का फ़ोन नम्बर और मेल आई डी भिजवाओ. आपके पापा ने अभी तक हमारी मेल का जवाब ही नही दिया.

रामराम.


अरे बच्‍चे हो न !! खेलना तुम्‍हारा काम है...खाना तुम्‍हारा काम नहीं.....उसके बारे में मम्‍मी पापा जाने।


पलटू ना तो खेल रहा है ओर ना ही खा रहा है. बल्कि ये तो सिर्फ धमाचौकडी मचा रहा है....


बेटू, पहले ही कहा था कि ताऊ अंकल से जरा दूर रहो..लगा दी न पहेली की आदत.

खा तो खैर कितना रहे हो, भगवान जाने..मगर मम्मी का काम जरुर बढ़ा दे रहे हो. अच्छा है, मजा तो आ रहा है खेलने में. :)


वाह, वाह्!! बहुत सुंदर !!

सस्नेह -- शास्त्री अंकल !!


३) मैं खेलते खेलते पोहा खा रहा था


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