Home Blogger Templates Gallery Blogger News Edit Edit Edit

अच्छा ही तो रहा..

Labels:
कल सुबह-सुबह तैयार हो गया.. मेरे साथ मेरा बैग भी तैयार हो गया.. कपडे़, खिलौने, सिपर, बिछौना, ओढ़ना.. और खाना भी.. उपमा, सेरेलेक, बिस्किट और केला...


सुबह साढे़ नौ बजे मम्मी पापा के साथ आंटी के घर गया.. पहली बार तो आंटी की गोद में जाने से मना किया लेकिन दुबारा कहने पर लपक कर उनकी गोद में चला गया.. मुझे आंटी के पास छोड़ पापा मम्मी ओफि़स चले गये..

नया माहौल, नये लोग लेकिन मैनें जल्द ही दोस्ती कर ली, फिर तो अंकल-आंटी के साथ खूब खेला.. पहले तो खाना खाने में आनाकानी की लेकिन भूख तो लगती है न? थोड़ी देर के बाद खाना भी खा लिया.. थोड़ी देर सोया भी... हाँ मम्मी को बहुत miss किया.. उनके आँचल में लिपटने का मौका नहीं मिला न..

दोपहर ढ़ाई बजे पापा-मम्मी आ गये.. आटीं ने उनसे कहा कि "ये मेरे पास रह लेगा"...  फिर तो खूब प्यार मिला.. आखि़र पाँच घण्टे का कोटा बकाया था न...

आप ही बताओ अच्छा ही तो रहा मैं?
5 comments:

Comments

यही उम्र है मि‍लने जुलने की। वाह आदी बेटे।


तुम तो बहुत प्यारे हो बेटा..हर जगह एडजस्ट हो जाते हो. वेरी गुड ब्वाय!!


शाबस बेटे तुम तो बहुत प्यारे ओर बाहदुर बेटे बन गये.
प्यार


अरे तुम तो पुरे ब्लॉग जगत में घुले मिले हो वो पडौस की आंटी है है | खूब खेलना आंटी के साथ |


ये पीली टोपी में कमाल लग रहे हो पुचकू. पूरी तरह से हीरो.जहाँ जाओगे, सबको अपना बना लोगे. सबके साथ खेलो और खुश रहो. तुम्हें देखकर हमलोग खुश रहेंगे.


Post a Comment

Aaditya (आदित्य)'s Fan Box

My Blog List


Labels